Physics Class 12
स्कोर: 0
भौतिक विज्ञान - मॉडल पेपर (Practice Set)
अपना उत्तर चुनें या लिखें और खुद को परखें।
खण्ड 'अ': बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs)
Q1. वैद्युत क्षेत्र की तीव्रता (Electric Field Intensity) का मात्रक है:
Q2. एक आदर्श अमीटर (Ideal Ammeter) का प्रतिरोध होना चाहिए:
Q3. लेंज का नियम (Lenz's Law) किसके संरक्षण पर आधारित है?
Q4. आकाश का रंग नीला दिखाई देने का कारण है:
Q5. P-N संधि डायोड में अवक्षय परत (Depletion Layer) की मोटाई होती है लगभग:
Q6. निर्वात की वैद्युतशीलता (ε₀) का मान होता है:
Q7. ट्रांसफार्मर की क्रोड (Core) बनी होती है:
Q8. फोटॉन का विराम द्रव्यमान (Rest Mass) होता है:
Q9. हाइड्रोजन स्पेक्ट्रम में कौन सी श्रेणी दृश्य भाग (Visible Region) में आती है?
Q10. किरचॉफ का प्रथम नियम (ΣI = 0) किस पर आधारित है?
खण्ड 'ब': लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रश्न
इन प्रश्नों का उत्तर नीचे बॉक्स में लिखें, फिर 'सही उत्तर देखें' पर क्लिक करें।
Q11. कूलॉम का नियम (Coulomb's Law) सदिश रूप में लिखिए।
उत्तर:
दो बिंदु आवेशों q₁ व q₂ के बीच लगने वाला बल:
F = (1/4πε₀) × (q₁q₂ / r²) r̂
जहाँ r̂ इकाई सदिश है जो बल की दिशा दर्शाता है।
दो बिंदु आवेशों q₁ व q₂ के बीच लगने वाला बल:
F = (1/4πε₀) × (q₁q₂ / r²) r̂
जहाँ r̂ इकाई सदिश है जो बल की दिशा दर्शाता है।
Q12. लॉरेंज बल (Lorentz Force) क्या है? इसका सूत्र लिखिए।
उत्तर:
जब कोई आवेशित कण किसी चुंबकीय क्षेत्र में गति करता है, तो उस पर एक बल कार्य करता है जिसे लॉरेंज बल कहते हैं।
सूत्र: F = q(v × B) या F = qvB sinθ
जब कोई आवेशित कण किसी चुंबकीय क्षेत्र में गति करता है, तो उस पर एक बल कार्य करता है जिसे लॉरेंज बल कहते हैं।
सूत्र: F = q(v × B) या F = qvB sinθ
Q13. भँवर धाराएँ (Eddy Currents) किसे कहते हैं? इनकी एक हानि लिखिए।
उत्तर:
जब किसी धातु के टुकड़े से संबद्ध चुंबकीय फ्लक्स में परिवर्तन होता है, तो उसमें जल में उत्पन्न भँवर के समान चक्करदार प्रेरित धाराएँ उत्पन्न हो जाती हैं, जिन्हें भँवर धाराएँ कहते हैं।
हानि: इससे विद्युत ऊर्जा का ऊष्मा के रूप में व्यर्थ व्यय होता है (जैसे ट्रांसफॉर्मर की क्रोड में)।
जब किसी धातु के टुकड़े से संबद्ध चुंबकीय फ्लक्स में परिवर्तन होता है, तो उसमें जल में उत्पन्न भँवर के समान चक्करदार प्रेरित धाराएँ उत्पन्न हो जाती हैं, जिन्हें भँवर धाराएँ कहते हैं।
हानि: इससे विद्युत ऊर्जा का ऊष्मा के रूप में व्यर्थ व्यय होता है (जैसे ट्रांसफॉर्मर की क्रोड में)।
Q14. प्रकाश के व्यतिकरण (Interference) के लिए आवश्यक दो शर्तें लिखिए।
उत्तर:
1. दोनों प्रकाश स्रोत 'कला संबद्ध' (Coherent) होने चाहिए।
2. दोनों तरंगों की आवृत्तियाँ या तरंगदैर्ध्य समान होनी चाहिए।
3. दोनों तरंगों के आयाम लगभग बराबर होने चाहिए (अच्छे कंट्रास्ट के लिए)।
1. दोनों प्रकाश स्रोत 'कला संबद्ध' (Coherent) होने चाहिए।
2. दोनों तरंगों की आवृत्तियाँ या तरंगदैर्ध्य समान होनी चाहिए।
3. दोनों तरंगों के आयाम लगभग बराबर होने चाहिए (अच्छे कंट्रास्ट के लिए)।
Q15. एक इलेक्ट्रॉन 100 वोल्ट के विभवांतर से त्वरित होता है। इसकी दे-ब्रॉग्ली तरंगदैर्ध्य ज्ञात कीजिए।
हल:
सूत्र: λ = 12.27 / √V Å
दिया है: V = 100 वोल्ट
λ = 12.27 / √100 = 12.27 / 10
λ = 1.227 Å
सूत्र: λ = 12.27 / √V Å
दिया है: V = 100 वोल्ट
λ = 12.27 / √100 = 12.27 / 10
λ = 1.227 Å
Q16. गौस की प्रमेय (Gauss's Theorem) का कथन लिखिए।
उत्तर:
किसी बंद पृष्ठ (Closed Surface) से गुजरने वाला कुल वैद्युत फ्लक्स (Φe) उस पृष्ठ द्वारा परिबद्ध कुल आवेश (q) का 1/ε₀ गुना होता है।
Φe = q / ε₀
किसी बंद पृष्ठ (Closed Surface) से गुजरने वाला कुल वैद्युत फ्लक्स (Φe) उस पृष्ठ द्वारा परिबद्ध कुल आवेश (q) का 1/ε₀ गुना होता है।
Φe = q / ε₀
Q17. क्रांतिक कोण (Critical Angle) को परिभाषित कीजिए।
उत्तर:
सघन माध्यम में बना वह आपतन कोण जिसके लिए विरल माध्यम में अपवर्तन कोण 90° होता है, क्रांतिक कोण कहलाता है।
सघन माध्यम में बना वह आपतन कोण जिसके लिए विरल माध्यम में अपवर्तन कोण 90° होता है, क्रांतिक कोण कहलाता है।
Q18. नाभिकीय विखंडन और संलयन में मुख्य अंतर क्या है?
उत्तर:
विखंडन: एक भारी नाभिक का दो हल्के नाभिकों में टूटना (उदा. यूरेनियम बम)।
संलयन: दो हल्के नाभिकों का जुड़कर एक भारी नाभिक बनाना (उदा. सूर्य की ऊर्जा)।
विखंडन: एक भारी नाभिक का दो हल्के नाभिकों में टूटना (उदा. यूरेनियम बम)।
संलयन: दो हल्के नाभिकों का जुड़कर एक भारी नाभिक बनाना (उदा. सूर्य की ऊर्जा)।
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Hii
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